रिसर्च स्‍टोरीज एंड एक्‍सपर्ट कमेंट!!

वायु प्रदूषण का इंसुलिन पर असर।

लैंसेट प्‍लैनेट्री हेल्‍थ जर्नल में प्रकाशित रिसर्च के मुताबिक बाहरी प्रदूषण की वजह से भी डायबीटीज हो सकता है। हवा में मौजूद प्रदूशित पार्टिक्‍यूलेट मैटर, डस्‍ट, स्‍मोक, लिक्किड ड्रॉपलेट जैसी चीजें सांस के जरिए हमारे शरीर के अंदर पहुंचकर फेफड़ों को नुकसान पहुंचाती हैं और उसके बाद खून में पहुंचकर स्‍ट्रोक, किडनी, कैंसर और हृदय संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ता हैं। डायबीटीज भी प्रदूषण की वजह से शरीर में जलन और सूजन महसूस होने लगती है, जिससे इंसुलिन का उत्‍पादन कम हो जाता है और डायबिटीज का खतरा बढ़ जाता है।

एक्‍सपर्ट कमेंट।

प्रदूषण का कई अंगों पर गलत प्रभाव पड़ता है। यह पैंक्रियाज को भी प्रभावित करता है। बीटासेल जो इंसुलिन बनाता है। उसका नंबर कम हो जाता है। प्रदूषण से शरीर में इंसुलिन रजिस्‍टेंस बढ़ने लगता है। इस वजह से किसी व्‍यक्ति को डायबिटीज हो सकता है।




दवा और बच्‍चों में अस्‍थमा का संबंधी।

मेलबर्न में हुई रिसर्च में पाया गया कि बच्‍चों को उनके जीवन के शुरूआती दो वषों में बुखार आने पर पेरासिटामोल आधारित दवा दी जाती है। इससे 18 साल की उम्र तक उन्‍हें दमा होने का खतरा बढ़ जाता है। दमा होने का खतरा उन लोगों में ज्‍यादा रहता है, जिनमें जीएसटीपी-1 जीन होता है। रिसर्च में 18 वर्ष तक की आयु के 620 बच्‍चों का अध्‍ययन किया। इसमें शामिल सभी बच्‍चों के कम से कम एक परिजन को दमा, त्‍वचा रोग या अन्‍य एलर्जी संबंधी बीमारी पायी गई थी। उन बच्‍चों ने बचपन में बुखार आदि तकलीफ में इसका इस्‍तेमाल किया था।

एक्‍सपर्ट कमेंट

यह नॉन स्‍टेरायड एंटी इंफ्लेमेटरी ड्रग है। जिन परिवारों में एलर्जी की हिस्‍ट्री है वे चिकित्‍सक को बताएं। ज्‍यादा देने से बच्‍चों का लिवर प्रभावित हो सकता है।


काफी और डायबिटीज पर नया निष्‍कर्ष।

नियमित कॉफी लेने से मधुमेह नियंत्रित रहता है। इसका खुलासा इंस्‍टीट्यूट फॉर साइंटिफिक इन्‍फॉर्मेशन ऑन कॉफी की हालिया रिपोर्ट में हुआ। इसके मुताबिक कॉफी के इस्‍तेमाल से डायबीटीज का खतरा कम होता है। लगभग 1 करोड़ 11 लाख 85 हजार 210 प्रतिभागियों को शोध में शामिल किया गया। शोध के अनुसार कई फैक्‍टर्स जैसे- एंटीऑक्सिडेंट इफेक्‍ट, एंटीइंफ्लेमेट्री इफेक्‍ट, थर्मोजेनिक इफेक्‍ट इसमें शामिल है। दिन में तीन से चार कप कॉफी पीने से डायबीटीज टाइप-2 का खतरा 25 फीसदी तक कम हो सकता है।

एक्‍सपर्ट कमेंट।

अमरीकी देशों में 400 मिग्रा तक प्रतिदिन कॉफी ले सकते हैं। वहां पर वे ब्‍लैक कॉफी लेते हैं लेकिन हमारे देश में दूध में मिलाकर कॉफी पीते है। डायबिटीज पर सीधा असर का कोई प्रूफ तो नहीं मिलता है। इसमें कुछ तत्‍व ऐसे हैं जिससे लाभ मिल सकता है।

डॉ. लीनेश्‍वर हर्षवर्धन
सीनियर फिजिशियन, कावटिया हॉस्पिटल, जयपुर


Read Health Research Stories and Expert Comments in Hindi, New findings on coffee and diabetes, Asthma related to medicine and children, Effect on insulin air pollution





Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!